Home देश फिल्मी फार्मूला से दूर रहता हूं : कुकुनूर

फिल्मी फार्मूला से दूर रहता हूं : कुकुनूर

नई दिल्ली ।। फिल्मकार नागेश कुकुनूर नयापन और बदलाव में भरोसा करते हैं। वह फिल्मी फार्मूलों से दूर रहने की कोशिश करते हैं। नागेश ने हाल ही में अपनी पहली प्रेम कहानी पर आधारित फिल्म ‘मोड़’ बनाई है।

कुकुनूर कहते हैं, “फिल्म निर्माण एक बहुत स्वार्थी प्रक्रिया है और यही वजह है कि मैं लगातार अलग-अलग शैली की फिल्में बनाने की कोशिश करता हूं। यदि मैं खुद को दोहराऊं तो मैं ऊब जाता हूं। मैं पुनर्विचार करने और नयापन लाने की कोशिश करता हूं। मेरे लिए हर बार कुछ नया लाने की कोशिश करना ही फिल्म निर्माण का आनंद है।”

हैदराबाद में जन्मे और इंजीनियर से फिल्मकार बने कुकुनूर को गैर परम्परागत तरीके से अपनी फिल्में पेश करने के लिए जाना जाता है। अब तक वह ‘हैदराबाद ब्लूज’, ‘रॉकफोर्ड’, ‘इकबाल’ और ‘डोर’ जैसी कम बजट वाली लेकिन बेहतरीन फिल्में बना चुके हैं।

अब वह डरावनी, मारधाड़ से भरपूर और विज्ञान-फंतासी शैली की फिल्में बनाना चाहते हैं। उनकी नई फिल्म ‘मोड़’ 14 अक्टूबर को प्रदर्शित होने जा रही है।

उन्होंने कहा, “मैंने पहली बार प्रेम कहानी पर आधारित फिल्म बनाई है। यह पुराने जमाने का रोमांस है लेकिन इसे अलग तरह से पेश किया गया है। फिल्म के किरदारों में कुछ रहस्य भी है।”

कुकुनूर की ‘मोड़’ में वीडियो जॉकी से अभिनेता बने रणविजय सिंह व अभिनेत्री आयशा टाकिया ने मुख्य भूमिकाएं निभाई हैं।

यदि कुकुनूर की बात मानें तो रणविजय इस फिल्म में एकदम अलग छवि में नजर आएंगे। उन्होंने बहुत गम्भीर भूमिका की है।

कुकुनूर कहते हैं, “भूमिका के लिए रणविजय का ऑडीशन लिया गया था। मैं कलाकार में हमेशा ईमानदारी जरूर देखता हूं और मुझे रणविजय में यह दिखाई दी। मुझे पूरा विश्वास है कि ‘मोड़’ के प्रदर्शन के बाद उनकी छवि एकदम बदल जाएगी। वह एक कोमल, शर्मीले व संवेदनशील लड़के के रूप में दिखेंगे।”

कुकुनूर को कम बजट में सिनेमा बनाने की शुरुआत करने वाले शुरुआती फिल्मकारों में से एक माना जाता है। उन्होंने 1998 में ‘हैदराबाद ब्लूज’ बनाकर फिल्म निर्माण की शुरुआत की थी। उन्होंने मात्र 17 दिनों में 17 लाख रुपये के छोटे बजट में यह फिल्म बनाई थी।

Rate this post

NO COMMENTS