एकीकृत कार्रवाई योजना (आईएपी) जिलों में उचित विकास और योजना को लागू करने के लिए अपनाई जा रही रणनीति को लेकर आयोजित एक कार्यशाला में चिदम्बरम ने कहा कि आतंकवादी घटनाओं के मुकाबले नक्सली हिंसा में इस वर्ष अधिक लोग मारे जा चुके हैं।
नई दिल्ली में आयोजित इस कार्यशाला में नक्सल प्रभावित 60 जिलों के जिलाधिकारियों ने भाग लिया।
केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री जयराम रमेश ने इस अवसर पर कहा कि जिलाधिकारियों और राज्य सरकारों का सर्वसम्मत विचार है कि 12वीं पंचवर्षीय योजना में जिले को नहीं बल्कि ब्लॉक को आईएपी के तहत एक ईकाई बनाई जानी चाहिए।