नई दिल्ली ।। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने सोमवार को कहा कि अगली पंचवर्षीय योजना [वर्ष 2012-13 से 2016-17] में नौ फीसदी की विकास दर हासिल करने के लिए बेहतर आधारभूत संरचना काफी जरूरी है और इसके लिए पर्याप्त निवेश किए जाएंगे।
साथ ही प्रधानमंत्री ने कहा कि इस सम्बंध में निजी क्षेत्रों को ठेके आवंटित करते समय पारदर्शिता बरतने की जरूरत है ताकि सरकार पर पक्षपात करने का आरोप न लगे।
‘राष्ट्रीय राजमार्गो के विकास में निजी-सार्वजनिक भागीदार के सामने चुनौतियां’ विषय पर एक सम्मेलन में प्रधानमंत्री ने कहा, “नौ फीसदी के विकास दर लक्ष्य को हासिल करने में आधारभूत संरचना क्षेत्र महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। हमारा लक्ष्य 11वीं पंचवर्षीय योजना के 500 अरब डॉलर के निवेश को 12वीं पंचवर्षीय योजना में दोगुना कर 1000 अरब डॉलर करने का है।”
उन्होंने कहा, “साथ ही यह भी जरूरी है कि परियोजनाएं पारदर्शी तरीके से आवंटित की जाएं ताकि पक्षपात के आरोपों से बचा जा सके।”
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री सी. पी. जोशी के मुताबिक सरकार सार्वजनिक-निजी भागीदारी के तहत इस वर्ष के अंत तक 7,800 किलोमीटर लम्बे राजमार्गो के निर्माण के लिए करीब 50 हजार करोड़ रुपये के ठेके आवंटित करेगी।
उन्होंने कहा कि हर रोज 20 किलोमीटर राष्ट्रीय राजमार्ग बनाने की उम्मीद के साथ वर्ष के पहले चार माह में 21 हजार करोड़ रुपये के ठेके आवंटित किए जा चुके हैं।














